(मज़दूर बिगुल के दिसम्बर 2025 अंक में प्रकाशित लेख। अंक की पीडीएफ़ फ़ाइल डाउनलोड करने के लिए यहाँ क्लिक करें और अलग-अलग लेखों-ख़बरों आदि को यूनिकोड फ़ॉर्मेट में पढ़ने के लिए उनके शीर्षक पर क्लिक करें)

सम्पादकीय

‘चार लेबर कोड’ मज़दूरों-कर्मचारियों के अधिकारों पर सबसे बड़ा हमला है! अब एकदिवसीय हड़तालों की रस्मअदायगी का वक़्त नहीं रहा!

श्रम कानून

मोदी सरकार के चार लेबर कोड क्या हैं और ये मज़दूर-विरोधी क्यों हैं? / अनन्त

इतिहास का सबक़ – इटली में फ़ासीवाद द्वारा मज़दूर वर्ग के अधिकारों पर हमला और मोदी सरकार के ‘चार लेबर कोड’ / सनी

फासीवाद / साम्‍प्रदायिकता

उत्तर प्रदेश में एसआईआर का खेल और डिटेंशन कैम्प बनाने की फ़ासिस्ट साज़िश / प्रसेन

विशेष लेख / रिपोर्ट

मोदी सरकार द्वारा ग्रामीण रोज़गार गारण्टी क़ानून (मनरेगा) को ख़त्म करने की चाल को नाकाम करो! / क्रान्तिकारी मनरेगा मज़दूर यूनियन

पायलट-विमानकर्मियों के हितों और यात्रियों की सुरक्षा को ताक पर रखकर मोदी सरकार की पूँजीपतियों के प्रति वफ़ादारी एक बार फिर हुई ज़ाहिर! / केशव

आन्दोलन : समीक्षा-समाहार

इलाहाबाद विश्वविद्यालय में छात्र आन्दोलन को मिली शानदार जीत के मायने / प्रशान्त

बुर्जुआ जनवाद – दमन तंत्र, पुलिस, न्यायपालिका

मारुति और बेलसोनिका के मज़दूरों के मामलों में गुड़गाँव श्रम न्यायालय ने सुनाये मज़दूर विरोधी फ़ैसले! / शाम मूर्ति

बनारस की दालमण्डी में विनाशलीला रचता योगी सरकार का साम्प्रदायिक फ़ासीवादी बुलडोज़र / ध्रुव

बुर्जुआ जनवाद – चुनावी नौटंकी

देशभर में अनेक बीएलओ की मौत : ये एसआईआर के दबाव में होने वाली हत्याएँ हैं! / प्रियम्बदा

शिक्षा और रोजगार

मिड-डे-मील के तहत आने वाले स्कूलों की संख्या में अभूतपूर्व कमी! सरकारी स्कूलों की संख्या में भी भारी कमी! / दिल्ली स्टेट आँगनवाड़ी वर्कर्स एण्ड हेल्पर्स यूनियन (DSAWHU)

पर्यावरण / विज्ञान

बढ़ रहे प्रदूषण के बीच मोदी सरकार की जुमलेबाज़ी और ख़राब होते मज़दूर वर्ग के हालात / अविनाश

पूँजीपतियों के मुनाफ़े के लिए अरावली पर्वत श्रृंखला को तबाह करने पर सुप्रीम कोर्ट की मुहर / विवेक

शान्ति (SHANTI) विधेयक, 2025 – कॉरपोरेट मुनाफ़े के लिए मानव जीवन को ख़तरे में डालने का बेशर्म दस्तावेज़ / ज्योति

महान जननायक

काकोरी ऐक्शन के क्रान्तिकारियों के शहादत दिवस पर – धार्मिक बँटवारे की साज़िशों को नाकाम करो! एकजुट होकर संघर्ष करो!! / ज्ञान

कला-साहित्य

गोरख पाण्डेय की कविता – कानून