07 दिसम्बर, ग्रेटर नोएडा, उत्तर प्रदेश। अनिश्चितकालीन आम हड़ताल के लिए चलाया गया प्रचार अभियान।
रविवार की सुबह बिगुल मज़दूर दस्ता के कार्यकर्ताओं नें ग्रेटर नोएडा के कुलेसरा में स्थित मयूर कुंज काॅलोनी में मज़दूर विरोधी चारो लेबर कोड रद्द करवाने के लिए प्रचार अभियान चलाया।
जैसा कि आपको पता है पूॅंजिपतियों की प्यारी फ़ासिस्ट मोदी सरकार 21 नवम्बर को चार लेबर कोड लागू कर चुकी है। आज़ादी के बाद मज़दूरों के अधिकारों पर सबसे बड़ा हमला है। केन्द्र सरकार कई सालों से सही मौके के इन्तज़ार में थी और जैसे ही बिहार विधानसभा चुनाव का नतीजा आया जिसमें केंचुआ (केन्द्रीय चुनाव आयोग) के सहयोग से नीतीश-मोदी की जोड़ी ने जमकर घपलेबाजी के माध्यम से “ऐतिहासिक” जीत हासिल की – इन लेबर कोडों को लागू कर दिया। पूरी “गोदी मीडिया” फ़ासिस्टों का प्रचार-तंत्र इन लेबर कोडों को “ऐतिहासिक कदम” ,”मज़दूर हितैषी” साबित करने में पिल पड़े। पूरे देश में ऐसा माहौल बनाया जा रहा है जैसे मज़दूरों के “अच्छे दिन” आने वाले हैं। पर हक़ीक़त तो कुछ और ही है।
ये चारो लेबर कोड काम के घण्टों, न्यूनतम वेतन, कार्यस्थल पर सुरक्षा, मेहनतकशों के सामाजिक सुरक्षा के लिए बने सारे श्रम कानूनों को खत्म करके पूॅंजिपतियों को खुली छूट देती है कि वो मज़दूरों को जैसे चाहे वैसे लूटें। ये मज़दूरों के निशस्त्रीकरण की योजनाबद्ध तैयारी है। आज ज़रूरत इस बात की है कि देश के सत्तर करोड़ मज़दूरों को इसके ख़तरों से परिचित करवाया जाए। पूरे देश में कार्यरत श्रमिक संगठनों को इस काम को हाथ में लेना चाहिए और अनिश्चितकालीन आम हड़ताल की तैयारी करनी चाहिए।
प्रचार अभियान के दौरान उपरोक्त मसलों पर विस्तार से बातचीत की गयी तथा पर्चा वितरण भी किया गया।