दिल्ली के करावल नगर इलाक़े में क्रान्तिकारी अख़बार ‘मज़दूर बिगुल’ का प्रचार अभियान चलाया गया

दिल्ली के करावल नगर इलाक़े में क्रान्तिकारी अख़बार ‘मज़दूर बिगुल’ का प्रचार अभियान चलाया गया। पिछले दिनों दिल्ली की करावल नगर विधानसभा क्षेत्र की मुकुन्द विहार और श्रीराम कॉलोनी (खजूरी) में बिगुल मज़दूर दस्ता के सदस्यों ने क्रान्तिकारी अख़बार ‘मज़दूर बिगुल’ का प्रचार अभियान चलाया। अभियान के दौरान इन इलाक़ों की विभिन्न गलियों में नारे लगाने के बाद दस्ता के सदस्य करन ने बात रखते हुए बताया कि पूँजीवादी मीडिया द्वारा जनता का असल मुद्दों से ध्यान हटाकर नकली मुद्दों को पेश किया जा रहा है। फ़ासीवादी मोदी सरकार ने देश के मज़दूर वर्ग पर मँहगाई-बेरोज़गारी बढ़ाकर उनकी कमर तोड़ रखी है, शिक्षा का तीव्र गति से निजीकरण करके लोगों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से महरूम किया जा रहा है। देश की सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था की हालत भी निरन्तर ख़राब होती जा रही है। कई मज़दूरों ने भी अपने हालात साझा किए। उन्होंने बताया कि काम-धंधे चौपट हो गए हैं। जिन कारखानों में वे काम करते हैं वहाँ तनख़्वाह बहुत कम मिलती है, घर का खर्चा चलाना मुश्किल होता जा रहा है। सरकारी स्कूलों की संख्या की कमी है, और स्कूलों में पढ़ाई की ख़राब होती गुणवत्ता पर भी उन्होंने चिंता जाहिर की। दस्ता के सदस्य विशाल ने बताया गया कि ‘मज़दूर बिगुल’ मज़दूरों का क्रान्तिकारी अख़बार है जो जनता के शिक्षा, चिकित्सा, रोज़गार जैसे मूलभूत मुद्दों को छापने का काम करता है, और उन्हें उनके अधिकारों के प्रति सचेत करता है। साथ ही बिगुल मज़दूर वर्ग को एकजुट करके सच्ची सर्वहारा संस्कृति का प्रचार करता है। कई मज़दूरों ने अख़बार की प्रति ली और अगला अंक लेने के लिए अपने सम्पर्क साझा किए।

 

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मज़दूरों के महान नेता लेनिन