ग्रेटर नोएडा के कुलेसरा स्थित मजदूर बस्ती में चलाया गया “मज़दूर बिगुल” अखबार का प्रचार अभियान

बजा बिगुल मेहनतकश जाग! चिंगारी से लगेगी आग!! ग्रेटर नोएडा के कुलेसरा स्थित मजदूर बस्ती में चलाया गया “मज़दूर बिगुल” अखबार का प्रचार अभियान। शनिवार की शाम को कुलेसरा पुस्ता तथा रविवार की सुबह मज़दूर लाॅजों में बिगुल मज़दूर दस्ता द्वारा मज़दूर बिगुल अख़बार का सघन प्रचार अभियान चलाया गया। इस अभियान में कई मज़दूर साथी भी शामिल हुए। नोएडा/ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक इलाक़ों में काम करने वाले मज़दूरों की स्थिति बहुत ही दयनीय है। किसी भी फैक्ट्री में श्रम क़ानूनों का पालन नहीं हो रहा है। मालिकों का अपना क़ानून चल रहा है – ज्यादा उम्र वाले पुरुष/स्त्री मज़दूरों को काम पर ना रखना, मुस्लिम नौजवानों को काम पर ना रखना, जबरदस्ती ओवरटाइम लगवाना, साप्ताहिक छुट्टी ना देना, बिमारी की स्थिति में छुट्टी करने पर काम से निकाल देना – इस तरह के तमाम अघोषित क़ानून फैक्ट्री मालिकों ने लागू कर रखे हैं। संगठित नहीं होने के कारण मज़दूर इसका विरोध नहीं कर पाते हैं। ऐसे में मज़दूरों के क्रान्तिकारी अख़बार की ज़रूरत पर बातचीत की गयी, जो ना सिर्फ मज़दूरों को जागरूक करे बल्कि उन्हें संगठित करके अपने हक़ के लिए संघर्ष करने के लिए भी तैयार करे। काफ़ी मज़दूरों ने अखबार लेने के साथ-साथ अपना नाम/नम्बर भी दर्ज करवाया।

 

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मज़दूरों के महान नेता लेनिन