विलय के नाम पर आँगनवाड़ी कर्मियों की छँटनी पर आमादा सरकार
महामारी से जन्मी विपदा ने देश के मेहनतकशों के सामने अस्तित्व का संकट ला खड़ा किया। आँगनवाड़ी महिलाकर्मी भी इस दौरान अपनी ज़िन्दगी दाँव पर रख काम करने को मजबूर हुईं। दिल्ली में महिला एवं बाल विकास विभाग के अन्तर्गत समेकित बाल विकास परियोजना के तहत आने वाले आँगनवाड़ी केन्द्रों में कार्यरत महिलाकर्मियों को सम्पूर्ण लॉकडाउन के दौरान बिना किसी सुरक्षा के इन्तज़ामों के घर-घर जाकर बच्चों को पोषाहार पहुँचाने के निर्देश दिये गये। दिल्ली सरकार द्वारा जारी यह जन-विरोधी निर्देश कई महिलाओं की बीमारी का कारण बने।






















